पंडित जवाहरलाल नेहरू के जन्मदिन पर जाने उनके अनमोल विचार के बारे में

आज 14 Nov है नेहरू का जन्मदिन | पंडित जवाहरलाल नेहरू का बच्चों से प्रेम करते थे | इसी वजह से उनके जन्मदिन पर 14 Nov को बाल दिवस मनाया जाता है |

पंडित जवाहरलाल नेहरू का जन्मदिन हर साल 14 नवंबर को मनाया जाता है | अतः आज 14 नवंबर है पंडित जवाहरलाल नेहरू का जन्मदिन | पंडित जवाहरलाल नेहरू का बच्चों से प्रेम करते थे | इसी वजह से उनके जन्मदिन के अवसर पर भारत में 14 नवंबर को बाल दिवस मनाया जाता है | 

पंडित जवाहरलाल नेहरू के जन्मदिन पर जाने उनके अनमोल विचार के बारे में

अगर आप पंडित जवाहरलाल नेहरू के जन्म दिवस के अवसर पर पंडित जवाहरलाल नेहरु के द्वारा दिए गए अनमोल विचार के बारे में जानना चाहते हैं, तो आप एकदम सही पोस्ट पढ़ रहे हैं | इस पोस्ट में हम आपको ना केवल पंडित जवाहरलाल नेहरू की की जीवनी के बारे में जानकारी देने वाले हैं बल्कि इसके अलावा आपको इस पोस्ट में पंडित जवाहरलाल नेहरू के अनमोल वचन के बारे में भी बताने वाले हैं | 

हैप्पी बर्थडे पंडित जवाहरलाल नेहरू 

आज 14 नवंबर 2022 को पंडित जवाहरलाल नेहरू के 133 वी जयंती है | आज ही के दिन इनके जन्म दिवस के अवसर पर बाल दिवस 2022 में स्कूलों में बच्चों के लिए वर्क काफी धूमधाम से मनाया जा रहा है | अतः बाल दिवस पंडित जवाहरलाल नेहरू के जन्मदिन के अवसर पर इसलिए मनाया जाता है क्योंकि पंडित जवाहरलाल नेहरू को बच्चों से अत्यधिक लगाव था | 

आपको बता‌ देखी पंडित जवाहरलाल नेहरू को भारत के पहले प्रधानमंत्री होने का गौरव प्राप्त है | भारत के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू ना केवल एक भारतीय राजनीतिज्ञ थे बल्कि वह धर्मनिरपेक्ष मानवतावादी समाजवादी लोकतंत्र वादी और एक लेखक भी थे | जिन्होंने कई सारी बुक्स लिखी है | 

पंडित जवाहरलाल नेहरु की बायोग्राफी 

पंडित जवाहरलाल नेहरु की बायोग्राफी की शुरुआत हम उनके जन्मदिवस से करते हैं | पंडित जवाहरलाल नेहरू का जन्म 14 नवंबर को साल 1889 में उत्तर प्रदेश के इलाहाबाद शहर में हुआ था | पंडित जवाहरलाल नेहरू के माता पिता का नाम क्रमशः स्वरूप रानी नेहरू तथा पिता का नाम मोतीलाल नेहरू था | इनकी शादी भी हो चुकी थी जिनकी पत्नी का नाम कमला नेहरू था | इसके अलावा आपको बता दें कि इनकी एक बेटी थी जिसका नाम इंदिरा गांधी था | 

इसके अलावा आपको बता देना चाहते हैं कि पंडित जवाहरलाल नेहरू ने ना केवल भारत के पहले प्रधानमंत्री होने का गौरव प्राप्त किया इसके अलावा उन्होंने इलाहाबाद हाईकोर्ट में एक बैरिस्टर के रूप में भी कार्य किया है | पंडित जवाहरलाल नेहरू ने महात्मा गांधी के साथ मिलकर कई सारे कार्य किए हैं | 

अतः उन्होंने भारत की स्वतंत्रता के लिए चलाए जाने वाले आंदोलनों में भी गांधी जी के नेतृत्व में उनका साथ दिया | क्योंकि पंडित जवाहरलाल नेहरू महात्मा गांधी के द्वारा चलाए जाने वाले सविनय अवज्ञ आंदोलन से अत्यधिक प्रभावित थे | इसके अलावा आपको बता दें पंडित जवाहरलाल नेहरू को गांधी जी के असहयोग आंदोलन में साथ देने की वजह से जेल भी जाना पड़ा था | जब भारत जैसे देश में 1943 में आजादी के वक्त प्रथम प्रधानमंत्री का चुनाव किया गया, उस वक्त पंडित जवाहरलाल नेहरू ने यह चुनाव लड़ा था | नेहरू जी कांग्रेस की तरफ से 1947 में प्रधानमंत्री पद के लिए दावेदार चुने गए | 

जिसमें सरदार वल्लभभाई पटेल एवं आचार्य कृपलानी को भी सर्वाधिक मात्र प्राप्त हुए थे | परंतु गांधीजी चाहती थी कि भारत के प्रधानमंत्री पंडित जवाहर लाल नेहरू को बनाया जाए | इसके बाद नेहरू जी को भारत का प्रधानमंत्री बनाया गया | और यह सिर्फ तीन बार भारत के प्रधानमंत्री बने रहे | पंडित जवाहरलाल नेहरू का 27 मई 1964 को हार्ट अटैक की वजह से मौत हुई थी | जो कि पूरे भारत वासियों के लिए एक बुरी खबर थी | 

जवाहरलाल नेहरू के अनमोल विचार 

अगर हम भारत के पहले प्रधानमंत्री के पद पर रह चुके पंडित जवाहरलाल नेहरू के अनमोल विचार के बारे में बात करें, चीन का उपयोग आप अपने जीवन में कर सकते हैं | और अपनी ख्याति पूरे भारत में ही नहीं बल्कि विश्व में फैला सकते हैं | आइए जानते हैं उनके अनमोल विचारों के बारे में - 

  1. नेहरू जी का कहना था कि आज के बच्चे कल का भारत बनाएंगे | अतः बच्चे भारत का भविष्य है | 
  2. नेहरू जी का यह भी मानना था कि समय वर्ष बीतने पर नहीं बीतता है, बल्कि आपने इस वर्ष में कितना क्या किया क्या हासिल किया इस पर निर्भर होता है | 
  3. पंडित जवाहरलाल नेहरु कहते थे कि एक पूंजीवादी समाज में यदि ताकतें अनियंत्रित छोड़ दी जाती हैं, ऐसी परिस्थिति में अमीर और अमीर होता जाएगा और गरीब और गरीब | 
  4. नेहरू जी का कहना है कि बच्चे फूल की कलियों की तरह होते हैं | उनका लालन-पालन अच्छे से करना चाहिए जिससे कि वह देश के भविष्य को और बेहतर बना पाए | 
  5. नेहरू जी मानते थे कि नाकामयाबी किसी व्यक्ति की तभी होती है, जब मैं अपने आदर्शों, उद्देश्यों तथा सिद्धांतों को भूल जाता है | 
  6. शांति के बिना सभी सपने गायब हो जाते हैं | अतः किसी भी लक्ष्य की प्राप्ति के लिए आपको शांति से काम करना चाहिए |