कारगिल दिवस 2022 : कारगिल दिवस क्या है ? और यह क्यों मनाया जाता है ?

कारगिल दिवस 2022 : कारगिल दिवस क्या है ? और यह क्यों मनाया जाता है ?

कारगिल दिवस 2022 : कारगिल दिवस क्या है ? क्यों मनाया जाता है ? कारगिल युद्ध कितने दिनों तक चला था ? किन-किन देशों के मध्य हुआ था ? इन सभी सवालों के जवाब जानने के लिए इस पोस्ट को आप को पूरा पढ़ना होगा | क्योंकि इस पोस्ट में हम आपको कारगिल दिवस 2022 से संबंधित संपूर्ण जानकारी देने वाले हैं | वह भी आपकी अपनी हिंदी भाषा में | 

कारगिल दिवस 2022 : कारगिल दिवस क्या है ? और यह क्यों मनाया जाता है ?
( Image Credit : Google ) 

हर साल 26 जुलाई को कारगिल युद्ध के समाप्ति के बाद से ही यह दिवस भारतीय वीर सपूतों के बलिदानों को सम्मान देने के लिए यह दिवस पिछले 23 साल से मनाया जा रहा है | आपको बता दें कि कारगिल युद्ध में भारत और पाकिस्तान की लड़ाई हुई थी जिसमें अंत में भारत की विजय घोषित होती है | चलिए अब इस कारगिल युद्ध के बारे में हम डिटेल में जानकारी लेते हैं | 

कारगिल दिवस 2022 

दोस्तों आज से करीब 23 साल पहले भारत और पाकिस्तान में लड़ाई (कारगिल दिवस 2022) हुई थी | एक लड़ाई की वजह पाकिस्तानी आतंकवादी संगठन और सेना भारत में जम्मू कश्मीर के क्षेत्र में घुसपैठ करने का प्लान कर रही थी, जिससे कि वह भारतीय सेना के खिलाफ कोई साजिश कर सके | उनकी घुसपैठ जम्मू कश्मीर के कारगिल जिले तक आ चुकी थी | उसी कारगिल जिले में यह लड़ाई हुई जिसकी वजह से इसे कारगिल का युद्ध कहा जाता है | 

भारत-पाकिस्तान के बीच कारगिल का युद्ध 1999 में हुआ था, जो कि करीब 85 दिन तक चला था | असल में यह युद्ध केवल 60 दिनों तक ही चला था जिसमें पाकिस्तानी सेना और आतंकवादियों ने लाइन ऑफ कंट्रोल अर्थात एलओसी मैं घुसपैठ कर दी थी | 

कारगिल युद्ध के समय में पाकिस्तानी सेना और आतंकवादी भारत में घुसपैठ करने की योजना भारतीय सैनिकों के विरोध में कर रहे थे | उन्होंने यह घुसपैठ जम्मू कश्मीर के कारगिल जिले के कुछ पहाड़ियों इलाके तक कर ली थी | जिसकी वजह से यह युद्ध करना भारतीय सैनिकों की आन-बान-शान का सवाल था |

इसी के साथ ऐसा भी कहा जाता है कि इस योजना को बनाने में पाकिस्तान के तत्कालीन परवेज मुशर्रफ जोकि पाकिस्तान के प्रमुख जनरल हुआ करते थे इनका हाथ था | इसके अलावा पाकिस्तान के ही तीन अन्य जनरल जिनके नाम क्रमशः मोहम्मद अजीज, जावेद हसन और महमूद अहमद है | 

अगर हम कारगिल युद्ध की शुरुआत की बात करें तो जब पाकिस्तानी आतंकवादी संगठन के द्वारा भारत में घुसपैठ की जा चुकी थी उसी दिन 3 मई को कारगिल युद्ध की शुरुआत मानी जाती है | इसी के साथ कारगिल युद्ध 26 जुलाई 1999 को समाप्त हुआ था जिसमें भारत की विजय हुई थी | जो कि असंख्य भारतीय वीरों के प्राणों के बलिदान का परिणाम था | 

यह बात 3 मई 1999 की है जब जम्मू कश्मीर के कारगिल पहाड़ी क्षेत्र के कुछ स्थानीय चरवाहों ने हथियारबंद पाकिस्तानी सैनिकों और आतंकवादियों को वहां पर देखा, जैसे ही इसकी सूचना भारतीय सैनिकों को मिली तब उन्होंने इस पर एक्शन लिया | 10 मई 1999 को भारतीय सैनिकों ने कारगिल युद्ध को जीतने के लिए 'ऑपरेशन विजय' नाम के एक मिशन शुरू किया जो की अंत में सफल रहा | 

दोस्तों आपकी इस पोस्ट में हमने आपको 26 जुलाई को कारगिल दिवस से जुड़ी जानकारी देने की कोशिश की है | अगर आपको कारगिल दिवस 2022 से संबंधित भारतीय वीरों के बलिदान की गाथा अपने दोस्तों के साथ शेयर करना चाहते हैं तो इसे आप जरूर करें क्योंकि इससे उनको भी कारगिल दिवस 2022 के बारे में जानकारी मिल सकेगी |